प्रस्तावना
मेसोपोटामिया शब्द ग्रीक भाषा से लिया गया है, जिसका अर्थ है — “दो नदियों के बीच की भूमि।” यह सभ्यता टिगरिस (Tigris) और यूफ्रेटीस (Euphrates) नदियों के बीच विकसित हुई। वर्तमान में यह क्षेत्र मुख्यतः इराक में स्थित है।
मेसोपोटामिया को “सभ्यता की जन्मभूमि” (Cradle of Civilization) भी कहा जाता है क्योंकि यहाँ विश्व की सबसे प्राचीन नगरीय सभ्यताओं का विकास हुआ।
कालखंड
मेसोपोटामिया सभ्यता लगभग 3500 ईसा पूर्व से शुरू हुई। इसके प्रमुख चरण थे:
सुमेरियन काल
अक्कादी काल
बेबीलोनियन काल
असीरियन काल
सुमेरियन सभ्यता
सुमेरियन लोग मेसोपोटामिया के पहले विकसित शहरी समाज थे।
प्रमुख नगर: उर, उरुक, लगश
उन्होंने कीलाक्षर (Cuneiform) लिपि का विकास किया।
पहिया (Wheel) का आविष्कार किया।
विशाल मंदिर (Ziggurat) बनाए।
राजनीतिक व्यवस्था
मेसोपोटामिया में नगर-राज्य (City-States) थे। प्रत्येक नगर-राज्य का अपना शासक होता था, जिसे “लुगल” कहा जाता था।
बेबीलोन के प्रसिद्ध शासक हम्मुराबी ने एक विस्तृत कानून संहिता बनाई, जिसे “हम्मुराबी की संहिता” कहा जाता है।
आर्थिक जीवन
कृषि
गेहूँ, जौ और खजूर प्रमुख फसलें थीं।
सिंचाई के लिए नहर प्रणाली विकसित की गई।
व्यापार
धातु, लकड़ी और कीमती पत्थरों का आयात किया जाता था।
मेसोपोटामिया का व्यापार सिंधु घाटी और मिस्र से भी था।
सामाजिक संरचना
समाज मुख्यतः तीन वर्गों में विभाजित था:
उच्च वर्ग (राजा, पुजारी)
मध्यम वर्ग (व्यापारी, कारीगर)
निम्न वर्ग (किसान, दास)
महिलाओं को कुछ अधिकार प्राप्त थे, जैसे संपत्ति रखने का अधिकार।
धर्म
मेसोपोटामिया के लोग बहुदेववादी थे।
प्रमुख देवता:
अनु (आकाश देवता)
एनलिल (वायु देवता)
इश्तर (प्रेम और युद्ध की देवी)
धार्मिक अनुष्ठान मंदिरों में होते थे।
विज्ञान और उपलब्धियाँ
कीलाक्षर लिपि (Cuneiform)
60 आधारित संख्या प्रणाली (Sexagesimal System)
कैलेंडर का विकास
ज्योतिष और गणित में प्रगति
कला और वास्तुकला
जिगुरात (Ziggurat) – सीढ़ीनुमा मंदिर
मिट्टी की पट्टिकाएँ
मूर्तियाँ और मुहरें
पतन
मेसोपोटामिया सभ्यता का पतन कई कारणों से हुआ:
बार-बार होने वाले आक्रमण
प्राकृतिक आपदाएँ
राजनीतिक अस्थिरता
महत्व
विश्व की पहली लिपि
प्रारंभिक कानून व्यवस्था
शहरी जीवन की शुरुआत
गणित और खगोल विज्ञान में योगदान